जीवन एक गूंज : बाल कहानी

एक छोटा बच्चा अपनी मां से नाराज होकर चिल्लाने लगा- “मैं तुमसे नफरत करता हूं” उसके बाद वह फटकारे जाने के डर से घर से भाग गया. वह बच्चा बहुत दुखी होकर पहाड़ियों के पास जाकर चीखने लगा-

“मैं तुमसे नफरत करता हूं, मैं तुमसे नफरत करता हूं”

और वही आवाज पहाड़ियों से गुंजन लगी- “मैं तुमसे नफरत करता हूं, मैं तुमसे नफरत करता हूं”

उसने जिंदगी में पहली बार कोई गूंज सुनी थी. वह डरकर बचाव के लिए अपनी मां के पास गया और बोला- “घाटी में एक बुरा बच्चा है जो चिल्लाता है- “मैं तुमसे नफरत करता  हूं”

उसकी मां को सारी बात समझ गई और उसने अपने बेटे से कहा कि वह पहाड़ी पर जाकर फिर से चिल्लाकर कहे कि मैं तुम्हें प्यार करता हूं, मैं तुम्हें प्यार करता हूं.

छोटा बच्चा वहां गया और चिल्लाया- “मैं तुम्हें प्यार करता हूं, मैं तुम्हें प्यार करता हूं” और वही आवाज पहाड़ियों से गूंजी इस घटना से बच्चे को एक सीख मिली हमारा जीवन एक गूंज की तरह है हमें वही वापस मिलता है जो हम देते हैं.

शिक्षा: जब हम दूसरों के लिए अच्छे बन जाते हैं तो खुद के लिए और भी बेहतर बन जाते

Bhati Neemla

हेल्लो दोस्तों! 'हिंदी में स्टोरी' पर आपका स्वागत है. मेरा नाम BS भाटी नीमला है. यह ब्लॉग उन पाठको के लिए बनाया गया है जो हिंदी कहानियों में रूचि रखते है. कृपया अपने बच्चो को ये कहानिया पढने को जरूर दे ताकि उनमे एक सकारात्मक परिवर्तन हो सके.

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